सीबीआई कोर्ट में आज़म ख़ान की पेशी, एक तरफ अदालत से राहत तो दूसरी तरफ से प्रशासन का शिकंजा

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द लीडर : रामपुर विधायक आज़म ख़ान की मुश्किलें कम होती नज़र नहीं आ रही हैं. एक तरफ उन्हें कोर्ट से राहत मिल रही है तो दूसरी तरफ पुलिस-प्रशासन और एजेंसियों का शिकंजा कसता जा रहा है.

गुरुवार को आज़म ख़ान को जल निगम भर्ती के कथित घोटाले में सीबीआई की लखनऊ अदालत में पेश किया गया. इस मामले में उन्हें मार्च में ज़मानत मिल चुकी है. चर्चा ये है कि आज़म ख़ान पर नए सिरे से आरोप तय हो सकते हैं. (Azam Khan to appear in CBI court)

एक दिन पहले ही आज़म ख़ान की जौहर यूनिवर्सिटी में प्रवर्तन निदेशालय यानी ईडी की टीम पहुंची थी. और अब सीबीआई कोर्ट में उनकी पेशी हो गई है. दरअसल, आज़म ख़ान की ज़मानत को लेकर सुप्रीमकोर्ट में सुनवाई चल रही है.

जहां शीर्ष अदालत ने तल्ख़ टिप्पणी करते हुए कहा है कि आज़म ख़ान को एक मामले में ज़मानत मिलती है तो दूसरा मुक़दमा दर्ज हो जाता है. ऐसा कब तक चलेगा. माना जा रहा है कि कोर्ट की रियायत के बाद शासन स्तर से सख़्ती की जा रही है.

दो दिन पहले ही इलाहाबाद हाईकोर्ट ने आज़म ख़ान को शत्रु संपत्ति के मामले में ज़मानत दी है. कोर्ट ने महीनों पहले इस केस की सुनवाई करके फ़ैसला सुरक्षित रखा था. फ़ैसला पेंडिंग होने पर आज़म ख़ान ने सुप्रीमकोर्ट का रुख किया.

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शीर्ष अदालत ने हाईकोर्ट को फौरीतौर पर फ़ैसला सुनाने का आदेश दिया था. उसके बाद ही कोर्ट का फ़ैसला आया और आज़म ख़ान को ज़मानत मिल गई. लेकिन इसी बीच एक और मामले में आज़म ख़ान का नाम खोल दिया गया.

जिससे उनकी रिहाई का रास्ता बंद फिलहाल के लिए बंद हो गया है. अब इस मामले में सुनवाई होनी है. तो इसी बीच आज़म ख़ान के बेटे विधायक अब्दुल्ला आज़म और बीवी डॉ. तज़ीन फातिमा के ख़िलाफ गैर जमानती वारंट जारी हो गया है.

आज़म ख़ान और उनके बेटे-बीवी ने 26 फरवरी 2020 को रामपुर कोर्ट में सरेंडर किया था. उनकी बीवी और बाद में बेटा ज़मानत पर रिहा हो गए. लेकिन आज़म ख़ान अभी भी जेल में है.

और अब जिस तरह से उनके ख़िलाफ एक के बाद एक मामलों में सख़्ती देखी जा रही है. उससे उससे ये अंदेशा पैदा हो गया है कि आज़म ख़ान का हाल फिलहाल में जेल से बाहर आना मुश्किल है.

अगर जल निगम भर्ती मामले में आज़म ख़ान पर आरोप तय हो जाते हैं तो फिर उन्हें जेल में ही रहना होगा. हालांकि सुप्रीमकोर्ट में मामलों की सुनवाई चल रही है. (Azam Khan to appear in CBI court)

तो एक संभावना ये है कि शीर्ष अदालत भी इन मामलों का संज्ञान ले सकती है, जैसा कि कोर्ट ने कहा भी है कि उनके विरुद्ध एक के बाद एक केस दर्ज किए जा रहे हैं-ऐसा कब तक चलेगा.

आज़म ख़ान 27 महीनों से जेल में बंद हैं. इसी बीच जेल में उन्हें कोविड हो चुका है. तब उनकी हालत बेहद खराब हो गई थी. जो तस्वीरें सामने आईं उन्होंने उनके चाहने वालों को झकझोर दिया था.

लेकिन गुरुवार को जब आज़म ख़ान सीबीआई कोर्ट में पेशी के लिए पहुंचे तो उनकी हालत पहले से काफी बेहतर नज़र आई. इससे उनके प्रशंसकों को तसल्ली ज़रूर मिली है. (Azam Khan to appear in CBI court)