यूपी कांस्टेबल भर्ती परीक्षा की री-एग्जाम डेट घोषित, अगस्त में होगी 60,244 पदों के लिए परीक्षा

द लीडर हिंदी : उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती को लेकर बड़ी खबर सामने आई है. 17 व 18 फरवरी की रद्द की गई लिखित परीक्षा अब अगस्त में कराई जाएगी.उत्तर प्रदेश पुलिस लिखित परीक्षा की नई तारीखों का ऐलान उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती एवं प्रोन्नति बोर्ड (UPPRPB) ने आज 25 जुलाई को कर दिया.अधिसूचना के मुताबिक परीक्षा 23 से 31 अगस्त के बीच 2-2 पालियों में आयोजित की जाएगी प्रत्येक पाली में अधिकतम 5 लाख अभ्यर्थी सम्मिलित होंगे.दरअसल यूपी पुलिस भर्ती एवं प्रोन्नति बोर्ड द्वारा आरक्षी नागरिक पुलिस के 60244 पदों पर सीधी भर्ती-2023 की लिखित परीक्षा दिनांक 23, 24, 25, 30 और 31 अगस्त 2024 को आयोजित कराने का निर्णय लिया गया है. परीक्षा का आयोजन प्रतिदिन दो पालियों में होगा और प्रति पाली में लगभग पांच लाख अभ्यर्थी परीक्षा में सम्मिलित होंगे. बता दें कि पेपर लीक के कारण पहले हो चुकी यह परीक्षा निरस्त कर दी गई थी.

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा था कि यह परीक्षा छह माह के अन्दर शुचिता एवं पारदर्शिता के उच्चतम मानकों को दृष्टिगत रखते हुये पुनः आयोजित करायी जाएगी. उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा इस परीक्षा को एक निश्चित समय सीमा के अन्तर्गत पारदर्शी तरीके से उच्चतम मानकों के मुताबीक आयोजित करने की प्रतिबद्धता के क्रम में यह कार्यकम घोषित किया गया है.बता दें पिछली बार यह परीक्षा फरवरी में हुई थी, लेकिन STF और लोकर खुफिया एजेंसी की निगरानी के बाद भी पेपर लीक हुआ था और परीक्षा रद्द कर दी गई थी.जिसके बाद अब इसे दोबारा कराने के लिये री-एग्जाम डेट अगस्त रखी गई है.इस भर्ती परीक्षा के जरिए उत्तर प्रदेश में कुल 60,244 पदों को भरा जाना है. आपको बताते चले कि चयन प्रक्रिया को पारदर्शी एवं शुचितापूर्ण ढंग से कराये जाने के सम्बन्ध में परीक्षा सम्बन्धित विभिन्न व्यवस्थाओं जैसे-परीक्षा की तैयारियों, परीक्षा केन्द्रों के चयन, परीक्षार्थियों का सत्यापन, छद्मनिरूपण रोके जाने हेतु विस्तृत दिशा निर्देश उत्तर प्रदेश शासन द्वारा दिनांक-19.06.2024 को जारी किए गये हैं. यह परीक्षा इन सभी मानकों के मुताबीक की जा रही है.

यूपी शासन द्वारा सार्वजनिक परीक्षाओं में अनुचित साधनों, जैसे प्रश्नपत्र लीक होना, उत्तर पुस्तिकाओं से छेड़छाड़ आदि को रोकने के लिए उत्तर प्रदेश सार्वजनिक परीक्षा (अनुचित साधनों का निवारण) अध्यादेश-2024 (उत्तर प्रदेश अध्यादेश संख्या-6, सन 2024) दिनांक 01 जुलाई, 2024 को अधिसूचित किया गया है, इस अधिनियम में प्रावधान किया गया है कि इस अधिनियम के अन्तर्गत परीक्षा में अनुचित साधनों का प्रयोग करना, नकल करना या नकल कराना, प्रश्न पत्र का प्रतिरूपण करना या प्रकट करना या प्रकट करने का षड्यंत्र करना आदि कृत्य अपराध की श्रेणी में आते हैं. जो इस अधिनियम के अन्तर्गत दण्डनीय है. ऐसे प्रकरणों में एक करोड़ तक का जुर्माना और आजीवन कारावास तक की सजा दोनों ही हो सकती है.

अभ्यर्थी प्रवेश पत्र दिखाकर निशुल्क बस यात्रा कर सकेंगे
परीक्षा को लेकर चाकचौबंद तैयारियां की गई है.परीक्षा का आयोजन प्रतिदिन दो पालियों में होगा और प्रति पाली में लगभग पांच लाख अभ्यर्थी परीक्षा में सम्मिलित होंगे. वही परीक्षा में सम्मिलित होने वाले अभ्यर्थियों को उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम की निःशुल्क बस सेवा की सुविधा रहेगी. अभ्यर्थी अपनी सुविधानुसार इसका लाभ ले सकते हैं जिसके लिए बस से यात्रा करने वाले अभ्यर्थियों को अपने प्रवेश पत्र की अतिरिक्त दो प्रतियां डाउनलोड करनी होंगी तथा उसकी एक प्रति परीक्षा केन्द्र के जनपद तक की यात्रा एवं दूसरी प्रति परीक्षा उपरान्त अपने जनपद तक की यात्रा के लिए बस कंडक्टर को प्रस्तुत करना होगा.https://theleaderhindi.com/new-revelation-in-pooja-khedkar-case-disability-certificate-is-correct-pune-hospital-said/

Abhinav Rastogi

पत्रकारिता में 2013 से हूं. दैनिक जागरण में बतौर उप संपादक सेवा दे चुका हूं. कंटेंट क्रिएट करने से लेकर डिजिटल की विभिन्न विधाओं में पारंगत हूं.

Related Posts

Bareilly News:  बरेली डीएम मरीज बनकर पहुंचे जिला अस्पताल, लाइन में लगकर जाना अल्ट्रासाउंड का हाल 

बरेली: बरेली के जिलाधिकारी अविनाश कुमार ने बुधवार सुबह जिला अस्पताल का औचक निरीक्षण किया, लेकिन इस बार कुछ हटकर अंदाज में डीएम खुद मरीज बनकर अस्पताल पहुंचे और अपनी पहचान…

मणिपुर में 3 बार भूकंप के झटकों से दहला इलाका, लोग दहशत में घरों से बाहर भागे

National News : मणिपुर में एक बार फिर धरती कांप उठी। बुधवार की तड़के मणिपुर के कई इलाकों में तीन बार भूकंप के झटके महसूस किए गए। इन झटकों ने लोगों…